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पंकज सुबीर मंच के अच्छे कवि हैं तथा देश भर के कवि सम्मेलन के मंचों पर काव्य पाठ कर चुके हैं । मूलत: ओज की कविताओं का पाठ करते हैं । लेकिन उनकी कविताओं में मानव मन की पीड़ा तथा संवदेनाओं को प्रमुख स्थान मिलता है । कुशल मंच संचालक के रूप वे कई कवि सम्मेलनों का संचालन कर चुके हैं । ग़ज़ल के व्याकरण पर विशेष रूप से कार्य करने के साथ साथ देश भर के मुशायरों में हिस्सा लेते रहते हैं । उनकी ग़ज़लों में हुस्न इश्क की मयखाने की बातें न होकर आम आदमी की जिंदगी से जुड़ी हुई बातें होती हैं । वे अपनी विशिष्ट शैली में अपनी ग़ज़लें कहते हैं । उनकी एक कविता को आकाशवाणी लखनऊ के कलाकारों ने संगीतबद्ध करके राजभवन में प्रस्तुत किया । |
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